रांची- झारखंड में ईडी यानी प्रवर्तन निदेशालय द्वारा हेमंत सोरेन को ताजा समन भेजने का मामला गरम है. जमीन घोटाले मामले में सीएम हेमंत सोरेन को ईडी लगातार पूछताछ के लिए अपने दफ्तर बुला रही थी. इस बार सब कुछ मुख्यमंत्री पर छोड़ दिया गया है ईडी ने पत्र लिखकर कहा है कि मुख्यमंत्री जहां चाहे वहां उसे बुला सकते हैं लेकिन जमीन घोटाला मामले में उनसे पूछताछ जरूरी है इससे एक बार फिर से झारखंड में राजनीतिक माहौल गर्म हो गया है .
सीएम हेमंत सोरेन हर बार ईडी को पत्र लिख कर इस पूछताछ की मंशा क्या है, यह सवाल कर रहे है.अब फिर सीएम हेमंत सोरेन को ईडी ने सातवीं बार समन भेजा है. इस बार जैसे ही समन जारी हुआ तो लोगों को राजकुमार की फिल्म के डायलॉग याद आ गया.जिस लहजे में ईडी की ओर से समन भेजा गया है इससे साफ है कि कुछ भी हो जाए पूछताछ तो होकर रहेगी.
राजकुमार की एक फिल्म ‘सौदागर’ है जिसमें राजकुमार अपने दुश्मन को बोलते है कि हम तुम्हें मारेंगे और जरूर मारेंगे लेकिन वह वक्त भी हमारा होगा बंदूक भी हमारी होगी और जगह भी. इस डायलॉग को थोड़ा मजाकिया अंदाज में आप लीजिए विषय वैसे बहुत गंभीर है.कुछ ऐसा ही सीएम को ईडी ने पत्र में लिखा है. ईडी की ओर से सीएम को कहा गया है कि पूछताछ के लिए दो दिनों में जगह समय और दिन देख लीजिए. आपके बताए हुए जगह पर ही ईडी के अधिकारी जाकर पूछताछ करेंगे.सीएम हेमंत सोरेन से ईडी जमीन घोटाले मामले में पूछताछ करना चाह रही है लेकिन सीएम हर समन को राजनीति से प्रेरित बता देते है.
यह मामला बड़गाई अंचल की एक जमीन से जुड़ा हुआ है,बताया जा रहा है कि बड़गाई अंचल के राजस्व कर्मचारी के फोन और इनके ठिकाने से सीएम से जुड़े जमीन के दस्तावेज ईडी को मिले थे. बरामद दस्तावेज की महीनों ईडी के वरीय अधिकारियों ने जांच पड़ताल की जिसके बाद उन्हे शक हुआ कि जमीन हेरा फेरि के काम में सीएम की भी कुछ भूमिका है. इसके आलवा जमीन घोटाले मामले में गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में भी कई जानकारी ईडी को मिली है.इससे यह साफ जाहीर होता है कि सीएम के खिलाफ कई साक्ष्य ईडी के पास मौजूद है.
शायद यही वजह हो की सीएम भी ईडी दफ्तर जाने से परहेज कर रहे है.मुख्यमंत्री को भी आभास हो गया हो की उनके खिलाफ कोई कार्रवाई हो सकती है,कई मंच पर खुद सीएम बोलते दिखे है कि उन्हे फ़साने की कोशिश की जा रही है. यहाँ तक सीएम ने खुद बोला है कि जेल जाने से झारखंडी नहीं डरता है. सीएम के खिलाफ जिस तरह से जमीन के मामले ईडी के पास है इससे उनकी मुश्किलें बढ़ सकती है और यह बता हेमंत सोरेन को भी मालूम है. सीएम ने इस चार महीने में सुप्रीम कोर्ट से लेकर हाई कोर्ट का दरवाजा ईडी के खिलाफ खटखटा चुके है. लेकिन हर जगह से झटका ही मिला है. ईडी का ताजा समन कुछ रिजल्ट लाएगा,.
सीएम से पूछताछ के लिए कई बड़े अधिकारी दिल्ली से रांची के क्षेत्रीय कार्यालय पहुंचे हुए है ईडी के दफ्तर में हर दिन चहल पहल बढ़ी हुई दिखती है. सवालों की एक लंबी फेहरिस्त ईडी ने तैयार कर रखा है. जिसका जवाब देना सीएम के लिए थोड़ा मुश्किल भी हो सकता है.अब आने वाले साल में क्या कुछ होता है यह देखने वाली बात होगी. ईडी के छह समन को दरकिनार करने बाद अब सीएम को प्रवर्तन निदेशालय के अधिकारी बोल रहे है सीएम साहब पूछताछ किसी हालत में भी हो कर रहेगी. आपसे कई सवाल जो पूछने है,अब देखना होगा की दो दिनों में सीएम की ओर से किस जगह और कौन से दिन को अपने लिए सही मान कर ईडी को बताते है. इंतजार सभी लोगों को है कि वह कौन सा दिन और जगह होगी जहां पूछताछ होगी. इधर सत्ता पक्ष के लोगों ने कहा है कि मुख्यमंत्री कानून के जानकारों से इस विषय पर चर्चा कर रहे हैं यह संकेत मिल रहे हैं कि शायद मुख्यमंत्री अपने आवास पर विधि के अधिकारियों को बुलाकर उनकी जिज्ञासा को शांत कर सकते हैं.













