रांची- झारखंड विधानसभा चुनाव जल्दी होने वाला है.भारतीय जनता पार्टी विपक्ष में होने के नाते हेमंत सरकार के खिलाफ जोरदार अभियान की शुरुआत की है.युवा आक्रोश रैली की सफलता के बाद भाजपा अब जनता के मुद्दे को लेकर राज्य की गठबंधन सरकार पर हमला शुरू कर दिया है.’मिला क्या’ इस कार्यक्रम को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने जनता के बीच अभियान शुरू करने का फैसला लिया है.

रविवार को होटल काव्स में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान 2019 में सत्तारूढ़ गठबंधन के द्वारा जनता से किया चुनावी वादे को खंगालना शुरू किया.तथ्यों के साथ डिस्प्ले के माध्यम से यह अभियान शुरू किया है.चाहे वह 5 लाख सालाना नौकरी की बात हो या फिर बेरोजगारी भत्ता या फिर विवाह करने वाली लड़कियों को सोने का सिक्का और 51000 आर्थिक मदद देने की घोषणा.महिलाओं को चूल्हा खर्च ₹2000 देने की घोषणा पर सरकार को लपेटने का प्रयास किया.असम के मुख्यमंत्री और झारखंड विधानसभा चुनाव के सह प्रभारी हिमंता विश्वा सरमा ने कहा कि हेमंत सोरेन सरकार ने जो वादा राज्य की जनता से 2019 में किया था, उसे पूरा नहीं किया है.इसलिए आज जनता सरकार से पूछ रही है कि उसके वादे का क्या हुआ.ऑडियो विजुअल प्रेजेंटेशन के माध्यम से हेमंत सरकार पर भाजपा ने यह बड़ा कार्यक्रम शुरू किया है.हिमंता विश्वा सरमा ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह भी कहा कि युवा आक्रोश रैली को लेकर जिला प्रशासन ने जिस प्रकार की कार्रवाई की है वह बिल्कुल राजनीति से प्रेरित है.उन्होंने पुलिस पर भी गंभीर आरोप लगाए.यहां तक कि पुलिस महानिदेशक पर भी टिप्पणी करते हुए हिमंता विश्वा सरमा ने कहा कि 12000 अज्ञात लोगों को आरोपी बनाए जाने का क्या तर्क है.आज तक इस तरह का ना तो देखा गया और ना ही सुना गया.उन्होंने कहा कि पुलिस ने यह ब्लैकमेलिंग का तरीका अपनाया है ताकि अज्ञात के नाम पर किसी को भी उसमें नामजद किया जा सकता है जो कोई भी सरकार के खिलाफ आवाज उठाएगी.उसे अज्ञात में से नामझद बना दिया जाएगा.इस कार्यक्रम में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी गिरिडीह से वर्चुअल माध्यम से जुड़े नेता प्रतिपक्ष अमर कुमार बावरी ने भी इस कार्यक्रम के दौरान हेमंत सरकार पर जोरदार हमला किया.











