रांची- भारतीय जनता पार्टी ने झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेताओं पर मुकदमा दर्ज करने के लिए राजधानी के अरगोड़ा थाना में आवेदन दिया है.आवेदन में कहा गया है कि विगत 23 अगस्त को मोरहाबादी मैदान में युवा आक्रोश रैली के दौरान झारखंड मुक्ति मोर्चा के ऑफिशल सोशल मीडिया एक्स पर एक पोस्ट डाला गया जिसमें यह दिखाया गया था कि भाजपा के लोग पुलिस पर किस प्रकार से हमले किए हैं.

भाजपा नेताओं का कहना है कि जो तस्वीर लगाई गई थी वह तस्वीर रांची की नहीं थी बल्कि 2018 में महाराष्ट्र में एक आंदोलन के दौरान की तस्वीर थी जिसे कट पेस्ट कर झारखंड मुक्ति मोर्चा ने सोशल मीडिया पर शेयर किया.यह तब शेयर किया गया जब मोराबादी मैदान में कुछ भी झड़प नहीं हो रही थी.पार्टी के नेता भाषण दे रहे थे लेकिन इस पोस्ट के माध्यम से यह दर्शाया गया कि भाजपा के कार्यकर्ता किस प्रकार से पुलिस पर हमले किए हैं.सुधीर श्रीवास्तव ने कहा कि इस पोस्ट के माध्यम से भाजपा को बदनाम करने का प्रयास किया गया.इसलिए आईटी एक्ट के तहत झारखंड मुक्ति मोर्चा के अध्यक्ष, कार्यकारी अध्यक्ष ,सोशल मीडिया प्रभारी और आईटी सेल के प्रभारी पर सुसंगत धारा के तहत कार्रवाई की जाए. भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित जाति मोर्चा के नेता संतोष राम ने आवेदन देकर पुलिस से आग्रह किया है. उधर झारखंड मुक्ति मोर्चा ने कहा है कि इस मामले की जांच कर आने वाले समय में करारा जवाब दिया जाएगा.मालूम हो कि 23 अगस्त को भारतीय जनता युवा मोर्चा की युवा आक्रोश रैली मोरहाबादी मैदान में थी.कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री आवास का घेराव कार्यक्रम के दौरान पुलिस से आमने-सामने कार्यकर्ता हुए थे. पुलिस ने भीड़ को तीतर भीतर करने के लिए आंसू गैस के गले धागे थे इसके अलावा एक केमिकल वाले गोली भी दागे गए जिससे लोगों की तबीयत थोड़ी देर के लिए खराब होने लगी थी.













