*झारखंड में भाजपा के मजबूत स्तंभ के बारे में जानिए*

रांची: भाजपा विश्व की सबसे बड़ी पार्टी है.इस पार्टी में नेता और कार्यकर्ताओं की एकनिष्ठता और अनुशासन खास विशेषता मानी जाती है.भाजपा में वफादार नेताओं की एक बड़ी फौज है. यही कारण है कि पार्टी लगातार आगे बढ़ती जा रही है. मोदी और शाह की जोड़ी ने भाजपा को एक नया रूप दिया है.अटल-आडवाणी की भाजपा का ही यह बड़ा और संस्कारित संस्करण है जो वर्तमान परिस्थितियों के अनुकूल काम करती है. यह नए भारत की नई भाजपा है. झारखंड में भी एक अच्छी टीम भाजपा की है जिसमें निष्ठावान नेता और कार्यकर्ता हैं.
*झारखंड बीजेपी के संबंध में जानिए*
मोदी और शाह की भाजपा की बुनियाद बहुत गहरी और मजबूत रही है. पिछले साढ़े नौ साल से केंद्र में मोदी सरकार की बदौलत भाजपा का विस्तार हुआ है. यह अलग बात है कि कुछ विधानसभा चुनाव में उसे शिकस्त मिली है. देश में इंडिया गठबंधन ने चुनौती खड़ा की है. फिर भी भाजपा की ताकत उसके कार्यकर्ता हैं.
झारखंड में भारतीय जनता पार्टी के कई समर्पित नेता हैं जिनकी बदौलत पार्टी अच्छा परफॉर्म कर रही है. बाबूलाल मरांडी पिछले जुलाई में पार्टी के अध्यक्ष बने. इससे पहले दीपक प्रकाश ने लगभग साढ़े तीन साल तक भाजपा का प्रदेश में नेतृत्व किया.विपक्ष में होने की वजह से भाजपा के तेवर को बढ़ाने का काम किया.उनका कार्यकाल अच्छा रहा.उनकी टीम ने बेहतर काम किए.
बाबूलाल मरांडी अध्यक्ष बनते ही संकल्प यात्रा पर निकल गए जिसका बड़ा प्रभाव पूरे प्रदेश में देखा जा रहा है. पार्टी को एक नई गति और दिशा देने में यह कार्यक्रम सफल रहा है. राज्य की हेमंत सरकार के खिलाफ माहौल बनाने का प्रयास सफल होने का दावा किया जा रहा है. संगठन की ताकत का भी अंदाजा लग गया है.
बाबूलाल मरांडी की अपनी टीम की घोषणा अभी तक नहीं हुई है. वर्तमान टीम दीपक प्रकाश के द्वारा बनाई गई थी.वही टीम अभी काम कर रही है.इस टीम में तीन महामंत्री के अलावा उपाध्यक्ष, मंत्री और अन्य पदाधिकारी हैं. वर्तमान समय में बाबूलाल मरांडी के मजबूत स्तंभ के रूप में महामंत्री प्रदीप वर्मा देखे जा रहे हैं. महत्वपूर्ण कार्यक्रमों को को-ऑर्डिनेट करने का दायित्व उनके ऊपर है. संकल्प यात्रा की रूपरेखा तय करने में उनकी बड़ी भूमिका रही है. झारखंड बीजेपी के एक मजबूत स्तंभ के रूप में इन्हें माना जा रहा है.पार्टी के नेताओं का कहना है कि प्रदीप वर्मा एक सुलझे हुए और स्पष्ट सोच के कार्यकर्ता हैं.वे तन मन धन से पार्टी की सेवा करते रहे हैं.
राजनीतिक विश्लेषक मानते हैं कि बाबूलाल मरांडी की टीम में तीन महामंत्री हैं. इनमें सबसे अधिक दायित्व का निर्वहन प्रदीप वर्मा करते हैं. संगठन के स्तर पर भी उनकी पकड़ अच्छी है.संघ के पदाधिकारियों को भी उन पर विश्वास है.भविष्य में पार्टी उन्हें बड़ी भूमिका दे सकती है.ऐसा पार्टी के सूत्रों का भी कहना है.
पार्टी सूत्रों का कहना है कि आने वाले समय में बाबूलाल मरांडी की कार्य समिति घोषित होने वाली है. अब देखना होगा कि बाबूलाल अपनी टीम में किसे-किसे रखते हैं. यह देखने वाली बात होगी कि बाबूलाल मरांडी के नेतृत्व में अगला लोकसभा चुनाव का रिजल्ट पार्टी के लिहाज से कैसा रहता है. निश्चित रूप से यह माना जा रहा है कि अच्छे लोगों को पार्टी प्रत्याशी बनाएगी. सभी 14 लोकसभा सीट जीतने का लक्ष्य चुनौती भरा है.













