भारत के 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर इस वर्ष देशभर में राष्ट्रभक्ति का विशेष माहौल देखने को मिलेगा। रक्षा मंत्रालय ने 8 से 15 अगस्त 2026 तक स्वतंत्रता दिवस सप्ताह मनाने की घोषणा की है। इस दौरान भारतीय सशस्त्र बलों, केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPFs) और राष्ट्रीय कैडेट कोर (NCC) के सहयोग से देश के कई प्रमुख शहरों में भव्य सैन्य बैंड प्रस्तुतियों का आयोजन किया जाएगा।
इन कार्यक्रमों का उद्देश्य स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों और राष्ट्रनायकों को श्रद्धांजलि देना, नागरिकों में देशभक्ति की भावना को मजबूत करना तथा युवाओं को राष्ट्र निर्माण और राष्ट्रीय जिम्मेदारियों के प्रति प्रेरित करना है।
झारखंड की राजधानी रांची में इस श्रृंखला का प्रमुख आयोजन 9 अगस्त 2026 को अल्बर्ट एक्का चौक पर होगा। यहां केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) का बैंड देशभक्ति की धुनों से माहौल को देशप्रेम के रंग में रंग देगा। कार्यक्रम में विभिन्न स्कूलों के छात्र-छात्राएं भी भाग लेंगे और सांस्कृतिक सहभागिता के माध्यम से स्वतंत्रता दिवस के महत्व को याद करेंगे।
इस विशेष कार्यक्रम में रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन नई पीढ़ी को राष्ट्र निर्माण, अनुशासन और देशसेवा की भावना से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उनके अनुसार, युवाओं में देश के प्रति सम्मान और जिम्मेदारी का भाव विकसित करना समय की आवश्यकता है।
रक्षा मंत्रालय का मानना है कि बैंड प्रस्तुतियां केवल सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं हैं, बल्कि ये भारतीय सशस्त्र बलों की वीरता, अनुशासन और समर्पण की परंपरा को आम लोगों तक पहुंचाने का प्रभावी माध्यम भी हैं। इन आयोजनों के जरिए नागरिकों को देश की सुरक्षा में जुटे जवानों के योगदान से भी परिचित कराया जाएगा।
झारखंड में भी स्वतंत्रता दिवस सप्ताह के दौरान कई स्थानों पर सैन्य बैंड प्रस्तुतियां आयोजित होंगी। इनमें हजारीबाग के निर्मल महतो पार्क, अनंताचार्य स्टेडियम, पुलिस ट्रेनिंग ग्राउंड, झील पार्क, मेरू कैंप और बादाम फोर्ट शामिल हैं। वहीं रांची के सेक्टर-3 गोल चौक, रांची रेलवे स्टेशन और बालालौंग चौक पर भी विशेष कार्यक्रम होंगे। इसके अलावा चक्रधरपुर के टाटानगर रेलवे स्टेशन पर भी 14 अगस्त को सैन्य बैंड प्रस्तुति आयोजित की जाएगी।
स्वतंत्रता दिवस सप्ताह के ये आयोजन देशवासियों को आजादी के अमर बलिदानों की याद दिलाने के साथ-साथ राष्ट्र प्रथम की भावना को और अधिक मजबूत करने का संदेश देंगे।

