न्यूज डेस्क: यह बड़ी ख़बर है। यह गर्व करने वाली खबर है।भारत ने एशियन गेम्स 2026 में तीरंदाजी में एक और गोल्ड मेडल जीत लिया है और इस बार ये गोल्ड मेडल सही मायनों में बेहद ऐतिहासिक है. भारत की महिला टीम ने आर्चरी रिकर्व इवेंट के फाइनल में साउथ कोरिया को हराकर गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया है। देश में खुशी देखी जा रही है।
हम आपको बता दें कि यह पहली बार है जब भारतीय महिला टीम इस इवेंट के फाइनल में पहुंची थी और उसने इसके साथ ही गोल्ड भी जीत लिया. कुमकुम मोहोद, कीर्ति और अंकिता भकाट की तिकड़ी ने इस इवेंट में हमेशा गोल्ड मेडल जीतने वाली साउथ कोरिया को चौंकाते हुए ये इतिहास रचा है।
आइची-नागोया में गेम्स का 13वां दिन भारत के लिए इस शानदार सफलता के हुआ।इसकी शुरुआत सेमीफाइनल से हुई, जहां भारतीय टीम ने सबसे पहले चीन को हराया है।टीम इंडिया ने इस सेमीफाइनल में पूरे दबदबे के साथ एकतरफा अंदाज में 5-1 से ये मैच जीता और फाइनल में जगह बनाई।भारतीय टीम पहली बार महिला रिकर्व टीम इवेंट के फाइनल में पहुंची थी।इससे पहले भारत का बेस्ट प्रदर्शन 2010 में आया था, जब टीम ने ब्रॉन्ज मेडल जीता था।
भारत की उपलब्धि: 32 साल बाद कोरिया की हार
साउथ कोरिया के लिए ये हार किसी सदमे से कम नहीं है क्योंकि रिकर्व इवेंट में उसका दबदबा सिर्फ एशियन गेम्स ही नहीं बल्कि ओलंपिक गेम्स तक भी है।एशियन गेम्स में तो महिला रिकर्व टीम इवेंट में उन्हें आखिरी शिकस्त 1994 में मिली थी।उसके बाद 1998 से 2022 तक वो लगातार गोल्ड मेडलिस्ट ही रहे।इसने भारत के लिए ओलंपिक गेम्स 2028 में भी दमदार प्रदर्शन की उम्मीदों को जिंदा कर दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बधाई दी है।

