रांची: झारखंड विधानसभा के मानसून सत्र के चौथे दिन यानी मंगलवार को JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी और छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई का मुद्दा सदन में छाया रहा। विपक्षी सदस्यों ने छात्रों पर लाठीचार्ज को लेकर सरकार को घेरा और मामले की जांच की मांग की।
सोमवार को JPSC और JSSC अभ्यर्थियों ने अपनी मांगों को लेकर विधानसभा घेराव किया था। प्रदर्शन के दौरान छात्रों और पुलिस के बीच तनाव बढ़ गया। इसके बाद पुलिस की ओर से लाठीचार्ज, आंसू गैस और वॉटर कैनन के इस्तेमाल की बात सामने आई। छात्रों ने पुलिस कार्रवाई का विरोध करते हुए भर्ती प्रक्रिया में सुधार और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की।
मंगलवार को विधानसभा में विपक्षी सदस्यों ने इसी मुद्दे को जोर-शोर से उठाया। कई विधायक वेल में पहुंचे और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही कई बार प्रभावित हुई।
विपक्ष ने सरकार से छात्रों पर हुई कार्रवाई को लेकर जवाब मांगा। साथ ही JPSC-JSSC से जुड़े मामलों की उच्चस्तरीय जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की।
वहीं, सरकार की ओर से कहा गया कि छात्रों की समस्याओं को गंभीरता से लिया जा रहा है। सरकार ने भरोसा दिया कि पूरे मामले को देखा जाएगा और किसी स्तर पर गलती मिलने पर जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की जाएगी।
JPSC-JSSC का मुद्दा अब सड़क से लेकर विधानसभा तक पहुंच गया है। छात्रों का आंदोलन लगातार तेज हो रहा है और विपक्ष भी इस मुद्दे को लेकर सरकार पर दबाव बना रहा है।
इधर विधानसभा के मॉनसून सत्र का आज यानी मंगलवार को समापन कर दिया गया। सदन की कार्यवाही अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दी गई है।

