*झारखंड की मासूम बच्ची को नहीं बचाया जा सका, गुजरात में दरिंदों ने की थी हैवानियत की हद पार, झारखंड सरकार ने भेजी थी टीम*
रांची- गुजरात के भरूच में दरिंदों ने झारखंड की 10 साल की मासूम बच्ची के साथ हैवानियत की थी.आंतरिक चोट की वजह से वह गंभीर रूप से घायल थी. उसे बड़ोदरा के सयाजी राव जनरल अस्पताल में भर्ती कराया गया था. सोमवार को उसकी हालत बिगड़ गई और सामने उसे दिल का दौरा पड़ा जिस कारण से उसकी मौत हो गई. डॉक्टरों ने पूरा प्रयास किया लेकिन इस मासूम को नहीं बचाया जा सकता.
झारखंड सरकार की ओर से पूरा प्रयास किया गया. बच्ची को देखने के लिए मंत्री दीपिका पांडे के नेतृत्व में एक टीम बड़ोदरा गई थी. सभी तरह के इलाज का इंतजाम किया गया था. जरूरत पड़ने पर एयर एंबुलेंस से दिल्ली ले जाने का भी आदेश था. लेकिन की वजह से उसे आंतरिक चोट थी और धीरे-धीरे संक्रमण भी फैल गया.
मंत्री दीपिका पांडे ने कहा कि बच्ची के परिवार के लोगों से संपर्क किया जा रहा है. स्थानीय अधिकारियों के साथ भी संपर्क किया जा रहा है.उनकी कोशिश है कि बच्ची के शव को रांची लाया जाए. परिवार के लोग जैसा चाहेंगे वैसा ही होगा.
लेकिन यह है कि पिछले 17 दिसंबर को भरूच औद्योगिक क्षेत्र के झगड़िया तहसील में 10 वर्षीय मासूम के साथ दुष्कर्म किया गया था. इस कारण वह गंभीर रूप से जख्मी हो गई थी पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है. आरोपी विजय पासवान पलामू के विश्रामपुर का रहने वाला है. वह भी बच्चों के पिता जहां काम करते हैं वहीं काम करता है. उसका घर भी बच्ची के घर के पास ही था. मालूम हो कि जिस दिन घटना घटी आरोपी ने बच्ची को अपने घर में अकेला पाकर उसके साथ ना सिर्फ दुष्कर्म किया बल्कि उसके नाजुक अंग को नुकसान पहुंचा. इस कारण से उसकी हालत खराब हो गई.
कांग्रेस नेता और झारखंड सरकार में मंत्री दीपिका पांडेय सिंह का कहना है कि पीड़िता के मां-बाप से संपर्क नहीं हो पा रहा है. उनका फोन बंद है वहीं मेडिकल कॉलेज में जहां उसकी मौत हुई है पुलिस का पहरा लगा दिया गया है .कांग्रेस के नेताओं से संपर्क कर वहां राहत और सहयोग करने का आग्रह किया गया है.














