*झारखंड बीजेपी के प्रमुख नेताओं के बारे में जानिए*

रांची-राजनीतिक क्षेत्र में अगर हम बात करें तो दालों की ताकत और महत्व को समझने की जरूरत है,क्योंकि आने वाले समय में चुनाव होना है. पहले लोकसभा का चुनाव होना है फिर झारखंड में विधानसभा का चुनाव होना है. जाहिर सी बात है राजनीतिक दल और उसका जनाधार बड़ा मायने रखता है. इसके अलावा पार्टी के नेताओं का भी चाल,चरित्र, चेहरा भी बहुत महत्वपूर्ण होता है. पार्टी कई चीजों का मूल्यांकन करने के बाद किसी नेता को जवाबदेही देती है।.
*चलिए बात करते हैं भाजपा की*
हम आपको बताते हैं कि झारखंड बीजेपी की स्थिति क्या है. वैसे पूरे देश में ही नहीं पूरी दुनिया में सबसे बड़े राजनीतिक दल के रूप में भारतीय जनता पार्टी को मान्यता है. इसके सबसे अधिक सदस्य हैं. झारखंड में भी भाजपा सबसे बड़ी पार्टी है. भारतीय जनता पार्टी के नेताओं की मेहनत की वजह से झारखंड में भी यह पार्टी बड़ी मानी जाती है.2015 में पार्टी की सदस्यता को बढ़ाने के लिए एक बड़ा अभियान महा संपर्क अभियान चला था. उसे समय पार्टी की रिपोर्ट जो आई थी उसके अनुसार झारखंड में 42 लाख लोग पार्टी के सदस्य थे.
*जानिए झारखंड में भाजपा की ताकत को*
अब चलिए आगे बढ़ते हैं और जानते हैं.भाजपा नेताओं के बारे में. अभी भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी हैं. पिछले जुलाई से वे इस पद पर हैं. झारखंड में बाबूलाल मरांडी की पहचान एक अच्छे नेता के रूप में रही है. झारखंड बनने के बाद पहला मुख्यमंत्री बनने का गौरव उन्हें प्राप्त है. उनके छोटे से कार्यकाल में विकास के कई काम हुए जिनकी चर्चा आज भी होती है. भाजपा नेतृत्व से नाराज होकर वे 14 साल का वनवास काटने के बाद फिर से 2020 में भाजपा में शामिल हुए. उसके बाद से वे हाल तक भाजपा विधायक दल के नेता रहे. लेकिन नेता प्रतिपक्ष की मान्यता विधानसभा से नहीं मिल सकी. फिलहाल पार्टी ने अमर कुमार बावरी को भाजपा विधायक दल का नेता बनाया जो अब नेता प्रतिपक्ष हैं. अमर कुमार बावरी 2014 के विधानसभा चुनाव में झारखंड विकास मोर्चा से ही चंदनकियारी से जीते थे. यानी बाबूलाल मरांडी के साथ पहले से थे. बाद में वे दल बदल कर भाजपा में शामिल हो गए थे और रघुवर सरकार में मंत्री भी बने.सांगठनिक रूप से पार्टी में कुछ नेताओं का महत्व सबसे अधिक है. इनमें से एक प्रदीप वर्मा हैं.प्रदीप वर्मा प्रदेश के महामंत्री हैं.
प्रदीप वर्मा अच्छे संगठनकर्ता के रूप में जाने जाते हैं.पार्टी की सेवा वे लंबे अरसे से करते आ रहे हैं.राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के बैकग्राउंड से भी उनका ताल्लुक रहा है.पार्टी में महासचिव या महामंत्री का पद उन्हें बहुत ही विश्वास के साथ दिया गया है.पूरे प्रदेश में संगठन को एक सूत्र में बांधे रखने और उसे पुष्पित और पल्लवित करने का काम करते रहे हैं.भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दीपक प्रकाश कहते हैं कि प्रदीप वर्मा बहुत ही मेहनती कार्यकर्ता हैं और पार्टी के लिए इतनी व्यस्तता के बावजूद तन-मन- धन से लगे रहते हैं.भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी कहते हैं कि प्रदीप वर्मा बहुत ही मेहनती और संगठन की ताकत हैं.
पार्टी के प्रदेश महामंत्री प्रदीप वर्मा के बारे में यह कहा जाता है कि वह किसी काम को संकल्पित रूप से करते हैं यानी जब तक काम पूरा नहीं हो, तब तक वे उसमें लगे रहते हैं.कई अन्य व्यवस्था के बावजूद सबसे अधिक समय देने वालों में से प्रदीप वर्मा माने जाते हैं.दिल्ली स्थित राष्ट्रीय मुख्यालय के एक नेता कहते हैं कि राष्ट्रीय नेताओं के बीच भी प्रदीप वर्मा के कार्यों की तारीफ होती रहती है.
पार्टी के दर्जनों कार्यकर्ताओं का कहना है कि प्रदीप वर्मा को अगर पार्टी नेतृत्व चुनावी राजनीति में उतारे तो इसका अच्छा परिणाम निकलेगा.जनप्रतिनिधि के रूप में भी वे एक संवेदनशील व्यक्ति के रूप में काम करेंगे. ऐसी उम्मीद की जा रही है कि आने वाले लोकसभा चुनाव में पार्टी उन्हें कहीं से उम्मीदवार बना सकती है.













